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पटेवा : सौतेली माँ ने पिता के साथ मिलकर कर दी पुत्र की हत्या, फिर किया साक्ष छुपाने का प्रयास, तीन पर मामला दर्ज

पटेवा थाना अंतर्गत गोंगल रोड़ ग्राम टुरीडीह में लोन के पैसों के विवाद को लेकर पिता और सौतेली माँ ने मिलकर अपने पुत्र की हत्या कर दी तथा अपने एक पुत्र के साथ मिलकर साक्ष छुपाने का प्रयास किया, जिसपर पुलिस ने मामले की जांच की बाद तीनो आरोपियों के खिलाफ अपराध दर्ज किया है.

मृतक प्रेमप्रकाश टण्डन का भाई आशीष टण्डन ने बताया कि 02 मार्च 2026 को रात्रि में वे परिवार के साथ खाना खाकर घर में बैठे थे, तभी करीबन 09:00 बजे उनके पिता गंगाराम टण्डन अपने मोबाईल से प्रेमप्रकाश टण्डन के मोबाईल में फोन लगाया, फोन लगाने पर फोन को आशीष की भाभी अंजली कुमारी टण्डन उठाई थी जो प्रेमप्रकाश टण्डन को बताई कि आपके पापा आपको और आपके भाई आशीष को ईंट कंपनी गोंगल रोड़ ग्राम टुरीरीह बुलाये है.

तब आशीष एवं उसके भैया प्रेमप्रकाश टण्डन मोटर सायकल यामहा एक्स एस आर क्रमांक सीजी-04 क्यूव्ही 6254 में ईंट कंपनी गोंगल रोड़ ग्राम टुरीरीह गये,  जहाँ उसके पिता गंगाराम टण्डन प्रेमप्रकाश को बोल रहा था कि ईंट भ‌ट्ठा खोलने के लिए तुम्हारे नाम से बैंक से 50 लाख का लोन लिये है. जिसमें मैं अपने नाम के जमीन का दस्तावेज जमा कर गारन्टर बना हूं बैंक वाले मेरे पास आज आये थे और बोल के गये है दो साल हो गया है लोन लिये,  मार्च माह तक पैसा पटाओ नहीं तो तुम्हारा ईंट फैक्टरी को सील कर देंगें और तुम्हारे जमीन को बेचकर लोन का पैसा वसूल करेंगे कहकर नोटिस देकर गये है.

मैं तुम्हारा लोन का 7-8 लाख रूपया पहले पटा चुका हूं तुम इतना पैसा कमा रहे हो, अपनी बीबी के लिए सोना ले रहे हो, अपने लिये गाडी ले रहे हो, लोन क्यों नहीं पटा रहे हो, तुम्हारे कारण मेरा फैक्टरी सील हो जायेगा और मेरा जमीन बिक जायेगा, लोन का पैसा मैं पटाया हूं फैक्टरी मैं चलाऊंगा फैक्टरी का चाबी मुझे दे दो, तब प्रेमप्रकाश टण्डन को गुस्सा आ गया और अपने पिता को बोला कि तुमको जो करना है कर लो मैं लोन का पैसा नहीं पटाऊंगा और फैक्टरी का चाबी तुमको नहीं दूंगा, जो करना है कर लो.

ऐसा बोलकर प्रेमप्रकाश अपने भाई आशीष को बोला कि चल गाड़ी निकाल घर जायेंगें तब आशीष गाड़ी को चालू कर उसके भैया को पीछे में बैठाकर ईंट फैक्टरी से बाहर निकल रहा था,  तो उसकी सौतेली मां प्रिंसकिला टण्डन दौडकर बाहर का दरवाजा बंद कर दी, तब आशीष मोटर सायकल को रोक दिया तभी उसके पिता जी गंगाराम टण्डन एवं सौतेली मां प्रिंसकिला टण्डन दोनों प्रेमप्रकाश टण्डन के सिर एवं चेहरा में बांस के डण्डा एवं टंगिया से कई बार ताबडतोड़ वार कर दिये जिससे प्रेमप्रकाश मोटर सायकल से गिर गया, गिरने के बाद भी उसके पिता एवं सोतेली मां प्रिंसकिला टण्डन ने प्रेमप्रकाश के सिर एवं चेहरा में कई बार प्राणघातक हमला कर दिये जिससे उसकी मौके पर मौत हो गया.

उसके बाद साक्ष्य छुपाने कि नीयत से आशीष एवं उसके पिता गंगाराम टण्डन प्रेमप्रकाश टण्डन के शव को गंगाराम के मोटर सायकल क्रमांक सीजी 06 जीबी 7450 से फैक्टरी से कुछ दूर खेत में ले जाकर रख दिये और आशीष का पहना हुआ पेंट, शर्ट को निकालकर गाड़ी के डिग्गी में रखकर ईंट फैक्टरी वाले घर आ गये.

घर आने के बाद घर और दरवाजा में बिखरे खून को प्रिंसकिला एवं गंगाराम टण्डन पानी से धोकर साफ कर दिये, तथा गंगाराम, प्रिन्सलिका आशीष के पहने कपड़ा जिसमें खून लगा हुआ था, उसे घर में जला दिये.

मामल का खुलाशा होने पर पुलिस ने आरोपीगण गंगाराम टण्डन, प्रिंसकिला टण्डन, आशीष टण्डन का कृत्य प्रथम दृष्टया अपराध धारा 103(1), 238,3 (5) बीएनएस का अपराध घटित करना पाये जाने से अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया है.



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